Shimla के जाखू मंदिर के आस – पास घूमने की जगह वह महत्वपूर्ण दृश्य

शिमला में स्थित Christ Church  यह भारत के उत्तरी भाग में दूसरी सबसे पुरानी चर्च मानी जाती है। इसका निर्माण 1846 से 1857 के बीच की अवधि के दौरान किया गया था। मेरठ में St। John’s Church के बाद Christ Church शिमला, उत्तर भारत का दूसरा सबसे पुराना चर्च है। यह उत्तर भारत के चर्च में अमृतसर के सूबा में एक पल्ली है। इसके वर्तमान प्रभारी द रेव सोहन लाल हैं|

क्राइस्ट चर्च जाखू मंदिर से 1 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।वह इस चर्च के निर्माण में ३वर्ष लगे थे। वर्षो के बाद यह बन के त्यार हुआ था,यह स्थान बॉलीबुड की कई फिल्मो में दिखाया गया है। आमिर खान की फ्लिम 3 इडियट्स में भी इस का कुछ शूट देखे गए हैं ।

Summer Hill Shimla में स्थित एक इमारत रमणीयः स्थान

समर हिल 2,123 मीटर की ऊँचाई पर हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला का उपनगर है। यह शिमला रिज के पश्चिम में एक पहाड़ी पर है।  समर हिल शिमला ने महात्मा गांधी को निवास की पेशकश की थी। जो अपनी शिमला यात्राओं के दौरान राजकुमारी अमृत कौर के जॉर्जियाई हवेली में रुके थे। पॉटर हिल के रूप में भी जाना जाता है। इन पाइन और देवदार लदी ढलानों में कई विचित्र अवशेष हैं। कुछ प्रसिद्ध चित्रकार अमृता शेरगिल के परिवार से संबंधित है।

यह जाखू मंदिर से 11 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। जिसको पॉटर्स हिल भी कहते हैं। आज यह एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल होने के अलावा इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस स्टडी (1965 में स्थापित) पूर्व विसरेगल लॉज में स्थित है। जिसे 1884-88 में बनाया गया था।

शिमला में स्तिथ शिक्षा सम्बंदित संस्थानकी की जानकारी

आज, यह हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय की मेजबानी करता है। जो मुख्य रूप से मानविकी, प्रबंधन वाणिज्य, विज्ञान, कानून और भाषाओं में स्नातकोत्तर कार्यक्रम प्रदान करता है। और 1975 में शुरू किया गया था। अधिकांश छात्र परिसर से शिमला के हिल स्टेशन पर चलते हैं, हालांकि समर हिल कालका-शिमला रेलवे लाइन पर स्थित है।

पर्यटन स्थल रिज से 5 किमी की दूरी

शिमला में स्थित यह पहाड़ी समुद्र तल से 1283 मीटर की ऊँचाई पर स्थित है। वह जो  घाटियों और चारों ओर की हरियाली के शानदार वह मनमोहक दृश्य को प्रस्तुत करती है। समर हिल प्रसिद्ध पर्यटन स्थल रिज से 5 किमी की दूरी पर स्थित है।इस स्थान पर हर साल लाखों संख्या में पर्यटक घूमने के लिए आते हैं।वह वर्फ से लतपथ पहाड़ियों का नजारा लेते है सच में यह जगह प्रकृति की पलकों में बसा स्थान है।

Chail Hill Station शिमला

चैल हिमाचल प्रदेश, भारत में एक हिल स्टेशन है। यह शिमला से 44 किलोमीटर (27 मील) और सोलन से 45 किलोमीटर (28 मील) दूर है। जाखू मंदिर से इस की दुरी 46 किमी है। इस स्टेशन को पटियाला के महाराजा भूपिंदर सिंह के द्वारा स्थापित किया था। यह अपने ख़ूबसूरत सौंदर्य और जंगलों के खूबसूरत दृश्य लिए जाना जाता है।

ब्रिटिश  राज के दौरान

चैल पैलेस अपनी वास्तुकला के लिए अच्छी तरह से जाना जाता है। महल को ब्रिटिश राज के दौरान पटियाला के महाराजा द्वारा ग्रीष्मकालीन रिट्रीट के रूप में बनाया गया था। एंग्लो-नेपाली युद्ध में पूर्व सहायता के लिए अंग्रेजों द्वारा उन्हें आवंटित भूमि पर। क्रिकेट मैदान और एक पोलो मैदान जो 2,444 मीटर की ऊंचाई पर है। पटियाला के पूर्ववर्ती शाही परिवार के स्वामित्व में था। यह दुनिया का सबसे ऊंचा क्रिकेट मैदान है।

Chail से  निचले हिमालय के अद्भुत दृश्य

चैल को हाइकर्स द्वारा भी बार-बार देखा जाता है क्योंकि यह निचले हिमालय के अद्भुत दृश्य प्रस्तुत करता है। सोलन के जुंगा, कुफरी और अश्वनी खड्ड से इसकी अच्छी ट्रेकिंग पॉइंट हैं। यहां कई इको कैंप आयोजित किए जाते हैं। शिविरार्थियों और पैदल यात्रियों के लिए कई शिविर स्थल हैं, इसलिए उत्साही लोगों के लिए गतिविधि के बाद चैल में शिविर लगाना सबसे अधिक मांग है।

Shimla में  स्थित ऐतिहासिक  अर्की किला

HIMACHAL PRADESH के सोलन जिले में अर्की एक छोटा सा गांव  है। जोकि अर्की किले के लिए जाना जाता है। अर्की में स्थित अर्की किले का निर्माण, राणा पृथ्वी सिंह के शासनकाल के दौरान 17 वीं और 18 वीं शताब्दी के बीच में  हुआ था। उस दौरान यह अर्की की राजधानी बाघल जिला थी। जिस पर राणा और राजपूतो का शासन हुआ करता था। इस किले का निर्माण 1660 ईस्वी में राणा पृथ्वी सिंह के शासनकाल में  किया गया था। जो राजपूत और मुगल वास्तुकला का मेल है। अगर आप इतिहास के बारे में जानने में रूचि रखते हैं। तो आपको इस किले की यात्रा जरुर करना चाहिए।

अर्की किले से जाखू मंदिर की दुरी

अर्की किला जाखू मंदिर से 46 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। इस किले को कांगड़ा चित्रों की वजह से भी  जाना-जाता है। जो इस किले को की सुन्दरता को चार चाँद लेगा देते हैं। किले में जो पेंटिंग बनी हैं। जो लगभग 200 साल पुरानी है। लेकिन पुरानी होने के बाद भी यह आज भी काफी खूबसूरत दिखाई देती है। जैसे ही नजर इस पेंटिंग पर पड़ती है। मन सोचने को मजबूर हो जाता है। की इतिहास अपने आप में कितना कुछ समाये बैठा है। अगर आप जाखू मंदिर या शिमला घूमने आये हैं और अगर आप को इतिहास में रूचि है तो आप इस किले का भृमण आवशय करे।

बर्फबारी और ट्रैकिंग का मजा

हिमाचल प्रदेश का अगर इतिहास देखा जाये तो, वह भी काफी दिलचस्प है। इस राज्य में कई ऐसे किलें हैं, जिनके बारे में पर्यटक आज तक अनिभिज्ञ हैं, इन किलों की यात्रा करने पर पर्यटक, यहां के ऐतिहासिक और समर्द्ध इतिहास को जान सकते हैं। तो क्यों ना इन  हिमाचल प्रदेश में सिर्फ बर्फबारी और ट्रैकिंग का मजा ही नहीं लिया जाये बल्कि इसके समर्द्ध हिमाचल प्रदेश की सैर करते हुए अर्की किले को घूम सकते हैं, जो राज्य के बेहद खूबसूरत रत्नों में से एक माना जाता है। इसलिए इसे हिमाचल प्रदेश की सैर के दौरान नजरंदाज नहीं किया जा सकता।

Naldehra Hill in Shimla

शिमला के पास एक बहुत ही खूबसूरत हिल स्टेशन है। शिमला से लगभग 22 किलोमीटर की दूरी पर स्थित यह  समुद्र तल से 2004 मीटर की दूरी पर स्थित, नालदेहरा हिमाचल प्रदेश का एक छोटा सा हिल स्टेशन है। और हिमाचल प्रदेश के शीर्ष पर्यटन स्थलों में से एक है। यहां  प्राकृतिक सुंदरता की तलाश कर रहे पर्यटकों के लिए एक आदर्श स्वर्ग है। और व्यस्त शहर के जीवन से दूर जाना चाहते हैं। पर्यटन स्थल अपनी हरियाली, गोल्फ कोर्स और हजारों देवदार के पेड़ों से भरे पहाड़ों के सादे दृश्य के लिए प्रसिद्ध है।

ऊँचे पहाड़ वह यहां का सौंदर्य

लॉर्ड कर्जन ने यहां एक गोल्फ कोर्स की स्थापना की थी। यहा ऊँचे ऊँचे पहाड़ वह यहां का सौंदर्य बहुत ही ,मनमोहक है देवदार क पेड़ वह खुली हवाऐ मानो जैसे ही चेहरे पर पड़ती हैं तो मानो जैसे लगता है की जनत बस यही है। यहा का मौसम इतना चुप और शांत है की आप  हवाओं की आवाज को भी सुन वह महसूस कर सकते है।

ब्रिटिश वायसराय लॉर्ड कर्जन

21 वीं सदी की शुरुआत तक नलदेहरा का ध्यान नहीं आया जब भारत के ब्रिटिश वायसराय लॉर्ड कर्जन ने इस स्थान की खोज की और अपनी प्राकृतिक सुंदरता से पूरी तरह मंत्रमुग्ध हो गए। पर्यटक नियमित अंतराल पर घूमते हुए हरे भरे घाटी में एक शानदार दोपहर का आनंद ले सकते हैं या गोल्फ कोर्स के लिए घुड़सवारी का आनंद ले सकते हैं। नालदेहरा निश्चित रूप से शिमला आने वाले पर्यटकों के लिए अवश्य ही एक दर्शनीय स्थल है। क्योंकि यह शांतिपूर्ण और साहसिक वातावरण प्रदान करता है जो पर्यटकों के लिए एक यादगार अनुभव है।

मशोबरा गांव in शिमला

मशोबरा हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले का एक गांव है। इसे लॉर्ड डलहौजी ने 1850 में निर्मित ऐतिहासिक हिंदुस्तान-तिब्बत रोड के माध्यम से राज्य की राजधानी शिमला से जुड़ा हुआ है। मशोबरा प्रकृति की गोद में वसा एक मनमोहक स्थान है। इस के चारो ओर  हरियाली वह घास के मैदान स्तिथ है। यह हिमाचल प्रदेश का लोकप्रिय स्थान है। यह लगभग 7700 फिट की ऊंचाई पर स्थित एक गांव है। यह स्थान जाखू मंदिर से केवल से 9 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यह स्थान शांति वह ध्यान लगाने के लिए एक मत्वपूर्ण स्थान है।

 शिमला में स्तिथ राज्य संग्रहालय

यह संग्रालय शिमला में स्तिथ जाखू मंदिर से  8।7 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। हिमाचल राज्य संग्रहालय और पुस्तकालय, स्कैंडल प्वाइंट से लगभग 3 किमी की दूरी पर स्थित है। इसे शिमला राज्य संग्रहालय के रूप में भी जाना जाता है। यह संग्रहालय सन् 1947 में स्थापित किया गया था,  विभिन्न कांस्य कलाकृतियाँ, तस्वीरें, टिकट संग्रह, और मानवविज्ञान से सम्बंधित वस्तुएँ भी संग्रहालय में संरक्षित की गई हैं। यह स्थान बहुत ही लोकप्रिय है। क्यकि यहां पर काफी इतिहासिक वस्तुए है

शिमला राज्य संग्रहालय में कई

जंहा  इतिहास से संबधित कई प्रकार की वस्तुये रखी गई है। वर्ष 1974 में निर्मित इस संग्रहालय को सांस्कृतिक समृद्धि को संरक्षित करने और अतीत को दर्ज करने के लिए किया गया था। शहर में स्थित औपनिवेशिक शैली की इमारत इस शहर के शानदार अतीत के बारे में गहराई से बताती है। शिमला राज्य संग्रहालय में कई मूर्तियाँ, पेंटिंग्स, हस्तशिल्प और सिक्कों का संग्रह है। यह शिमला का एक बहुत ही महत्वपूर्ण स्थान है। जंहा ब्रिटिश राज की कई महत्वपूर्ण वस्तुए राखी गयी है।

द रिज शिमला

यह शिमला के महत्वपूर्ण स्थान में से एक है जो बहुत लोकप्रियहै यह स्थान पानी  के बड़े बड़े टैंक क ऊपर स्थित है यह पर्टयको का सबसे शानदार जगह है दूर दूर से लोग यहांआते है यहा से शिमला का नजरा ही कुछ और है वर्फ  से ढके ऊँचे ऊंचाई पहाड़ो का दृश्य देकते ही बनता है यहा एक भी दुकान नहीं है बज़ार रिज़ से थोड़ा नीचे जा के है. यह एक ओपन सड़क है हो मॉल रोड के किनारे है  यहां रुकने वह यहा की विशेष बात यह यह है की यह स्थान ब्रिटिश राज के समय ग्रीष्मकाल; में गर्मियों में रुकने का सबसे महत्वपूर्ण स्थान थायह रिज़ एक सामाजिक केंद्र है,वह इस की दूर जाखू मदिर से केवल ५ कम की दूर में स्तिथ हैंयहां एक विशाल जिला पुस्तकालय भी है जो २४ घंटा छात्रो से भरा रहता है जिसमे स्टूडेंटस भिविन प्रकार की एग्जाम की त्यारी करते है

शिमला में स्थित कुफरी स्थान

राजधानी में स्थित कुफरी शिमला से केवल 17 किलोमीटर दूरी पर स्थित एक रोमांचक स्थान है जहा ग्रीषम ऋतू में यह स्थान ज्यादा तर वर्फ से देका रहता है यह मंदिर जाखू मंदिर से केवल 13 कुफरी, 2743 मीटर की ऊंचाई पर स्थित, शिमला से लगभग 13 किमी की दूरी पर एक छोटा सा शहर है है । इस जगह का नाम ‘कुफ्र’ शब्द से पड़ा है, जिसका स्थानीय भाषा में मतलब है ‘झील’। इस जगह के साथ जुड़े आकर्षण के कारण यहाँ वर्ष भर पर्यटक आते हैं।

महासू पीक, ग्रेट हिमालयन नेचर पार्क, और फागू कुफरी में कुछ प्रमुख पर्यटन स्थलों में से हैं। ग्रेट हिमालयन नेचर पार्क पक्षियों और जानवरों की 180 से अधिक प्रजातियों का घर है। फागू , कुफरी से 6 किमी दूरी पर स्थित, शांति प्रेमियों के बीच एक लोकप्रिय गंतव्य है। सुरम्य पर्वत श्रृंखला से घिरा हुआ है, यह गंतव्य एक लोकप्रिय धार्मिक स्थल भी है। जहाँ हेर वर्ष भारी  मात्रा में सेलानी आते है यह एक बहुत ही मनमोहक़ हिल स्थान है

शिमला में स्थित  माल रोड

यह स्थान  रिज के नीचे स्थित शिमला की एक ऐसा स्थान है जहा कई दुकानों, कैफे, रेस्तरां, पुस्तक की दुकानों होटल वह अन्य कई प्रकार की वस्तुओं की दुकाने है  और कई पर्यटकों के ठहरने की जगह है। अगर आप मॉल रोड आने वाले हर सेलानी यहां आ के अपने आप को बहुत ही वेहतर फील करता है क्युकी शिमला का यह माल रोड हर साल देश विदेश से आये सेलानियो से भरा रहता है । मॉल रोड शिमला का केंद्र में स्थित है जहां कई रेस्तरां, क्लब, बैंक, दुकानें, डाकघर और पर्यटन कार्यालय स्थित हैं। इस सड़क से आप शिमला की प्राकृतिक सुंदरता को भी देख सकते हैं। यह स्थान जाखू मंदिर से मॉल रोड़ की दूरी 7 किलोमीटर है।

माल रोड, भारत की राजधानी शिमला में मुख्य सड़क है। ब्रिटिश औपनिवेशिक शासन के दौरान निर्मित, मॉल रोड रिज के नीचे एक स्तर पर स्थित है। नगर निगम, अग्निशमन सेवा और पुलिस मुख्यालय के कार्यालय यहाँ स्थित हैं। इस सड़क पर आपातकालीन वाहनों को छोड़कर ऑटोमोबाइल को अनुमति नहीं है।माल रोड में कई शोरूम, डिपार्टमेंट स्टोर, दुकानें, रेस्तरां और कैफे हैं। एक हिमाचल एम्पोरियम जो हिमाचल प्रदेश के हस्तशिल्प उत्पादों की पेशकश करता है जैसे स्थानीय रूप से डिजाइन किए ऊनी कपड़े, ब्रांडेड कपड़े, मिट्टी के बर्तन, लकड़ी के उत्पाद और आभूषण भी यहाँ स्थित है यह स्थान  पर्यटकों का सबसे आकर्षण का केंद्र माना जाता है

श्री गुरु सिंह सभा शिमला

 यह स्थान सीख धर्म के लोगो का धार्मिक स्थान है यह स्थान शिमला के जाखू से केवल  8 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है पुराणों के अनुसार यह गुरुद्वारा लगभग 109 साल पुराना माना जाता है  है। वह कहा जाता है की इसकी स्थापना पटियाला के महाराजा भूपिंदर सिंह ने की थी। यह गुरुद्वारा चैल के मुख्य बाजार से कुछ मीटर की दूरी पर स्थित है। यह का दृश्य बहुत ही मनमोहक है वह देवदार के ऊँचे ऊँचे पैड मनो जैसे आसमान को छू रहे हो

कम मूल्यों में कमरे उपलब्ध

शानदार चित्रों के लिए आदर्श भूमि बनाते हैं। शिमला के पास यह स्थान परिवारों और समूहों लिए बहुत ही कम मूल्यों में कमरे उपलब्ध कराता है। एहां कई प्रकार के होटल कैंप वह रुकने के लिए कए प्रकार के साधन उपलब्ध है  इस सिख मंदिर के पास एक वन क्षेत्र मौजूद है जो शानदार दृश्य प्रदान करता है। वह यंहा का दृश्य देकने के लिए मजबूर सा हो जाते है कुछ ऐसा ही मनमोहक दृश्य है

ग्रीन वैली शिमला में स्तिथ मनमोहक स्थान

यह शिमला  से कुफरी जाने वाले रास्ते में पड़ती है। यह एक बहुत ही खूबसूरत जगह है और फोटोग्राफी के लिए आदर्श है। यह अपने खूबसूरत दृश्यों के लिए उल्लेखनीय है, सबसे खूबसूरत परिदृश्यों में से कुछ दृश्य यह वैली ही प्रदान करती है। ऊँचे-नीचे पहाड़ चारों तरफ से जंगली पेड़-पौधों से ढंके हुए हैं। यह स्थान बस स्टैंड से मुश्किल से 7 किमी और एयर पोर्ट से 26 किमी की दूरी पर है अतः इस तक आसानी से पहुंचा जा सकता है।

ग्रीन वैली में हरियाली और सुंदरता

यह सक बहुत ही रोमांचिक वह  रामनिय स्थान है ग्रीन वैली एक सुंदर और आकर्षक पर्वत श्रृंखला है यह जाखू मंदिर से केवल  13 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है,यह वेली शिमला से कुफरी के रास्ते पर पड़ती है। यह शानदार घाटी शिमला का एक खास पर्यटन स्थल है।जंहा पर्यटको की चहल पहल लगी रहते है  ग्रीन वैली में हरियाली और सुंदरता इतनी मंत्रमुग्ध कर देने वाली है कि कोई भी इंसान यहां आकर सब कुछ भूल जाता है। ग्रीन वैली चारों तरफ से पहाड़ियों से घिरी हुई जो देवदार के घने जंगलों से ढकी हुई हैं।