“नोरबुलिंगका” धर्मशाला में स्तिथ तिब्बती संस्कृति, साहित्य और कला संरक्षण का यह संस्थान, This Institute of Preservation of Tibetan Culture, Literature and Art at Norbulingka Institute Dharamshala

picture_saved(26)

हिमाचल प्रदेश में में बहुत से धर्मो के लोग निवास करते है। जो अपनी सांस्कृति कला और अपने इतिहास के लिए जाने जाते है। इन्ही में से एक है। तिब्बती बौद्ध धर्म जो अपने धार्मिक मठो और अपनी कला तथा सांस्कृति के लिए जाना जाता है। ऐसा ही एक स्थान है धर्मशाला के निकट नोरबुलिंगका नाम से विख्यात संस्थान जो एक ऐतिहासिक सस्थान है। इस नोरबुलिंगका संस्थान की स्थापना 1988 में की गई थी। इस लोकप्रिय इंस्टीट्यूट का नाम तिब्बत के ल्हासा में दलाई लामाओं के ग्रीष्मकालीन निवास नोरबुलिंगका के नाम पर रखा गया है।

picture_saved(23)

यहां तिब्बतियों को प्रशिक्षण और शिक्षा प्रदान की जाती है, Training and education is provided to Tibetans here

नोरबुलिंगका एक ऐसा स्थान है जो धर्मशाला गुमने आये सैलानियों के लिए एक आकर्षण का केंद्र है। हर साल देश विदेश से पर्टयक यहां आते है। यह प्रसिद्ध संस्थान मुख्य रूप से तिब्बतियों को प्रशिक्षण देने और शिक्षा तथा रोजगार प्रदान करके तिब्बती परंपराओं और विरासत को आगे बढ़ाने की दिशा प्रदान करने में सहायता करता है। इस लोकप्रिय नॉरबुलिंगका नामक संस्थान उच्च गुणवत्ता की कला वस्तुओं, कपड़ों और घर के सामान का उत्पादन के लिए जाना जाता है।

picture_saved(24)

14 वें दलाई लामा के जीवन से संबंदित चित्र, Pictures related to the life of the 14th Dalai Lama

इस स्थान में जापानी प्रेरित नोरबुलिंगका उद्यानों का यह संस्थान दो मंजिला सीट ऑफ हैप्पीनेस टेम्पल भी स्तिथ है। यह स्थल विशेष रूप से बुद्ध के 1,173 भित्ति चित्रों तथा बौद्ध गुरु दलाई लामाओं के भित्तिचित्रों और 14 वें दलाई लामा के जीवन से चित्र के लिए लोकप्रिय है। इस संस्थान में भिन्न भिन्न प्रकार के बौद्ध धर्म से संबंदित बहुत से चित्र है। जिन का दृश्य बहुत गहि मनमोहक होता है। इस संस्थान के अंदर एक बहुत ही खूबसूरत पार्क में स्तिथ है। जहा पर्टयक अपना समय व्यतीत कर सकते है।

picture_saved(20)

स्क्रीन-प्रिंटिंग, थांगका पेंटिंग, वुड पेंटिंग, वुडकार्विंग, पेपरमेकिंग से भरा यह स्थान, This place full of screen-printing, thangka painting, wood painting, woodcarving, papermaking

यह स्थान रविवार को छोड़कर सभी दिन खुला रहता है। आप इस बिच कभी भी दिन संस्थान के नि: शुल्क निर्देशित दौरे ले सकते हैं। जो पर्टयक तिब्बती कला को पसंद करते है और उन की कला का अध्ययन करने के इच्छुक होते है। वे लोग यहां अल्पकालिक कार्यशालाओं में भी भाग ले सकते हैं। नोरबुलिंगका के इस संस्थान में आर्ट स्टूडियो में तिब्बती मूर्ति निर्माण स्क्रीन-प्रिंटिंग, थांगका पेंटिंग, एप्लाइक और टेलरिंग, वुड पेंटिंग, वुडकार्विंग, पेपरमेकिंग और वुड एंड मेटल क्राफ्ट शामिल हैं। जिन का दृश्य बहुत ही मनमोहक होता है। यह स्थान धर्मशाला से केवल 8 किलोमीटर की दुरी पर स्तिथ है।