तिब्बत संग्रहालय धर्मशाला में स्तिथ एक लोकप्रिय और प्रसिद्ध पर्टयक स्थल, Popular and well-known tourist place in the Tibet Museum Dharamshala

हिमाचल प्रदेश में बहुत से बौद्ध मठ है। जो बौद्ध धर्म की झलक दिखाते है। यह संग्रहालय तिब्बती संस्कृति और कला की महानता को दर्शाता है। तिब्बत संग्रहालय धर्मशाला का एक उल्लेखनीय और लोकप्रिय पर्यटक आकर्षण का केंद्र है। जो यहां आये पर्टयकों को अपने ओर आकर्षित करता है। यह संग्रहालय मैक्लोडगंज में त्सुग्लाग्खंग परिसर के अंदर स्थित है। यह धर्मशाला में अग्रणी आधुनिक संग्रहालय है जो एक एक विशाल क्षेत्र में फैला है।

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हर साल बहुत से सैलानी यहां गुमने और समय व्यतीत करने के लिए आते है। यह लोकप्रिय तिब्बत संग्रहालय केंद्रीय तिब्बती प्रशासन के सूचना और अंतर्राष्ट्रीय संबंधों के विभाग का आधिकारिक संग्रहालय है। इस संग्रहालय में जिसमें 30,000 से अधिक तस्वीरें स्तिथ है और एक यात्रा प्रदर्शनी है जो एक स्थायी प्रदर्शनी है जो तिब्बती यात्रा को हिमालय पर्वतमाला में निर्वासन का दस्तावेज बनाती है।

तिब्बती राष्ट्रीय स्मारक और प्रलेखन केंद्र, Tibetan National Monument and Documentation Center

इस मठ की स्थापत्य शैली मूल तिब्बती और आधुनिक डिजाइन के एक संलयन को दर्शाती है। यहां गुमने आये पर्टयकों को यहां देखने के लिए बहुत कुछ मिलेगा जैसे ऐतिहासिक दस्तावेज पांडुलिपियां, चित्र, मिट्टी के बर्तन, और कई तिब्बती हस्तशिल्प। यह संग्रहालय तिब्बती वस्तुओ और बौद्ध धर्म से सम्बंदित है। यह स्थान सैलानियों को काफी आकर्षित करता है। धौलाधार की पहाड़ियों के समीप बसा यह स्थान बहुत ही मनमोहित कर देने वाला स्थान है। पहले तिब्बती राष्ट्रीय स्मारक और प्रलेखन केंद्र का नाम दिया गया था।

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संग्रहालय के आस पास स्तिथ अन्य पर्टयक स्थान, Other tourist places near the museum

इसी संग्रहालय के साथ और भी बहुत से पर्टयक स्थान है। जो अपने वातावरण और प्राकृतिक सुंदरता के लिए देश विदेश में जाने जाते है। इस संग्रहालय के साथ भागसू नाथ मंदिर, भागसू वॉटरफॉल, दलाई लाबा जी का मंदिर, नड्डी गांव, ढल झील और भी बहुत से पर्टयक स्थान है आप यहां गम सकते हो और अपना समय व्यतीत क्र सकते हो।

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यहां आ के आप अपने आप को बेहद अच्छा महसूस करोगे। ऊँचे ऊँचे बर्फ से लतपत पहाड़ो का आप को बेहद खूबसूरत नजारा देखने को मिलेगा। इस संग्रहालय में 30 अप्रैल 2000 को बौद्ध गुरु 14 वें दलाई लामा ने एक समारोह में संग्रहालय का उद्घाटन किया जिसमें लगभग 300 गणमान्य व्यक्तियों और स्वयंसेवकों ने भाग लिया था। आप भी यदि धर्मशाला आने का प्लान बना रहे है तो इस स्थान में आना ना भूले।