हिमाचल और समस्त भारत में पाकिस्तान से आ रहा, जहरीला नशा चिट्टा और हेरोइन

हिमाचल प्रदेश के जिला कुल्लू की पुलिस ने जांच में एक बड़ा खुलासा किया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार भारत में चिट्टा/हेरोइन जैसा गंभीर और जानलेवा नशा पाकिस्तान से आ रहा है। जिसके बाद यह राजधानी दिल्ली से यह नशा प्रदेश के प्रसिद्ध और लोकप्रिय पर्यटन स्थलों की ओर सप्लाई किया जा रहा है। इस चिट्टे जैसे इस खतरनाक नशे की सप्लाई में नाइजीरियन व्यक्ति शामिल हैं। यह गंभीर नशा पाकिस्तान से आ रहा है, इस की पुष्टि कुल्लू पुलिस की जांच में हुआ है।

अफगानिस्तान और नेपाल के रास्ते की जा रही है सप्लाई

प्रदेश पुलिस ने जब मामले की गंभीरता से जांच की तो उन्होंने जानकारी में पाया की यह चिट्टा पाकिस्तान से पाया गया। जानकारी से यह खुलासा हुआ है कि पाकिस्तान से नाइजीरियन के माध्यम से भारत मेें नशा आ रहा है और पाकिस्तान से नशे की सप्लाई अफगानिस्तान और नेपाल के रास्ते की जा रही है। देश के युवा पीढ़ी को नशे की लत में फंसाने में नाइजीरियंस का बहुत बड़ा हाथ बताया जा रहा है।

हिमाचल के जिला कुल्लू पुलिस ने पिछले कुछ महीने से नशे के विरूद्ध अपना अभियान जारी रखा है। इसी दौरान पुलिस लगातार चिट्टे के सप्लायर्ज तक पहुंच रही है और बहुत से तरसकरो को हिरासत में ली रही है। शनिवार को भी पुलिस ने दिल्ली से तीन अफ्रीकन स्मगलर्ज को गिरफ्तार कर किया गया है। यह प्रदेश पुलिस के लिए एक बड़ी कामयाबी है।

लगभग 19 नाइजीरियन सप्लायरों को दिल्ली में जाकर दबोचा जा चुका है

इसी के साथ कुल्लू पुलिस ने दिसंबर से लेकर अब लगभग 19 नाइजीरियन सप्लायरों को दिल्ली में जाकर दबोचा है। इसी के साथ दिसंबर से पहले पुलिस ने जुलाई में पहला नाइजीरियन सप्लायर पकड़ा था। प्राप्त जानकारी के अनुसार पुलिस ने अब तक कुल 20 नाइजीरियन सप्लायरों को हिरासत में लिया है। प्रदेश के जिला सोलन जिला पुलिस ने भी 2016-17 में 08 और 2019 में 02 नाइजीरियन को दबोचा है। इसी दौरान कांगड़ा पुलिस भी पीछे नहीं रही है। काँगड़ा पुलिस ने भी एक नाइजीरियन को चिट्टा/हेरोइन के साथ पकड़ा है।

नाइजीरियन सप्लायर्ज का सम्पर्क लोकप्रिय पर्टयक स्थलों के युवाओं के साथ जुडा है

पुलिस को मिली जानकारी के अनुसार नाइजीरियन सप्लायर्ज का सम्पर्क पर्यटन स्थलों के युवाओं के साथ जुडा हुआ है। जो पहले ही पुलिस की गिरफ्त में आ चुके हैं। पुलिस की जांच में यह भी खुलासा हुआ है कि दिल्ली में बैठे ये नाइजीरियन यहां के युवाओं को 800 से लेकर 1500 रुपए प्रति ग्राम के हिसाब से हेरोइन बेचते

थे और वे आगे मनाली, मणिकर्ण, कसोल सहित अन्य कई पर्यटन स्थलों में हेरोइन को 03 से लेकर 05 हजार रुपए प्रति ग्राम की दर से बेचते हैं। जिस से यह इस नशे के जरिये बेहद लाभ कमा रहे थे। और प्रदेश की युवा पीढ़ी को इस गंभीर नशे की लत लगा रहे थे।

टूरिस्ट या एजुकेशन वीजा की मदद से आते है भारत यह नाइजीरियन

इसके अलावा प्रदेश पुलिस ने जाँच में यह भी खुलासा किया है कि जो नाइजीरियंस पकड़े गए हैं, उनके पास वीजा भी नहीं है। ऐसे लोग भारत में टूरिस्ट या एजुकेशन वीजा की मदद से आते है और बाद में वापस नहीं जाते हैं। यह चिट्टा/हेरोइन के तरस्करो के लिए भीड़ भाड़ वाले स्थान सही रहते है।

यह लोग दिल्ली में भीड़ वाले एरिया में रहते हैं और वहां उनका संपर्क ज्यादातर ऑटो संचालकों के साथ रहता है। जहा से यह अपना व्यपार को पुरे देश भर में चलाते है।

Poisonous drug chitta / heroin coming from Pakistan in Himachal and all India