मौन पालक अपने पैसे खर्च कर मधुमक्खियों के लिए आहार खरीदने के लिए मजबूर, नहीं हो पा रही मधुमक्खियों के लिए भोजन की व्यवस्था

हिमाचल प्रदेश में मौन पालकों के लिए भी कोरोना काल मुसीबत बनकर आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है की एक ओर सरकार की ओर से आर्थिक मदद नहीं

मिल रही है दूसरी ओर प्राकृतिक आहार न मिलने से उन्हें मधुमक्खियों के लिए भोजन की व्यवस्था करनी पड़ रही है।

पैसे खर्च कर मधुमक्खियों के लिए आहार खरीदने के लिए मजबूर मौन पालक

इसी के साथ बताया जा रहा है की मौन पालक अपने पैसे खर्च कर मधुमक्खियों के लिए आहार खरीदने के लिए मजबूर हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार इस समय हिमाचल प्रदेश में फूलों का सीजन नहीं होता।

मधुमक्खियों को प्राकृतिक आहार नहीं मिल पा रहा

इसी के साथ बताया जा रहा है की ऐसे में मधुमक्खियों को प्राकृतिक आहार नहीं मिल पा रहा है। साथ ही हर साल इस मौसम में मौन पालक मधुमक्खियों के बक्सों को लेकर दूसरे राज्यों में जाते थे।

वहां उन्हें प्राकृतिक फूलों से आहार मिलता है, मगर इस समय प्रदेश में फैले कोरोना वायरस की बजह से प्रदेश में इन को चारा सही से नहीं मिल पा रहा है।

कोरोना महामारी के चलते मधुमक्खियों के डिब्बों से निकाले शहद को खरीदार नहीं मिले थे

हिमाचल प्रदेश में इस साल कोराना वायरस के चलते मौन पालक बाहरी राज्यों में मधुमक्खियों को नहीं ले जा पाए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार इससे पहले भी कोरोना महामारी के चलते मधुमक्खियों के डिब्बों से निकाले शहद को खरीदार नहीं मिले थे। इससे भी उन्हें आर्थिक नुकसान झेेलना पड़ा।

इसी के साथ कोरोना काल में सरकार की ओर से किसी भी प्रकार की आर्थिक सहायता न मिलने से मधुपालक अपने खर्चे पर अपनी मधुमक्खियों को आहार खिलाने को मजबूर हैं।

प्रदेश सरकार मधुमक्खी पालन के लिए सबसिडी देती है, मगर नहीं मिल पा रहा कोरोना काल में लाभ

बताया जा रहा है की प्रदेश सरकार मधुमक्खी पालन के लिए सबसिडी देती है। इसके अलावा एक स्थान से दूसरे स्थान पर मधुमक्खियां ले जाने के लिए भी उन्हें खर्च दिया जाता है।

इसी के साथ बताया जा रहा है की मौन पालक सितंबर के अंत और अक्तूबर में दूसरे राज्यों में मधुमक्खियों को ले जाते हैं। जिस से उन्हें इस से लाभ मिल पाता है।

Silent Spinach is forced to spend his money to buy food for bees, not being able to arrange food for bees

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *