पठानकोट-मंडी फोरलेन में कंडवाल से सियूणी तक करीब 3,800 परिवार प्रभावित

Pathankot-Mandi Fourlane

हिमाचल प्रदेश में पठानकोट-मंडी फोरलेन परियोजना के पहले चरण कंडवाल से सियूणी तक के 37 किलोमीटर के निर्माण कार्य में करीब 3,800 परिवार प्रभावित होंगे, प्राप्त जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है की

नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया के सूत्रों के अनुसार पहले चरण के लिए 917 निजी भवन के साथ जिनमें आवासीय व कारोबारी भवन शामिल हैं, के अलावा 19 सरकारी भवन जिनमें सरकारी स्कूल भी शामिल हैं। गिराने पड़ेंगे।

37 किमी क्षेत्र में सबसे ज्यादा 190 भवन जसूर से सटे छतरौली में गिरेंगे

इसी के साथ हजारों पेड़ों का भी कटना इस योजना में तय है, साथ ही इस 37 किमी क्षेत्र में सबसे ज्यादा 190 भवन जसूर से सटे छतरौली में गिरेंगे, इसी के साथ कंडवाल में 48 कारोबारी परिसर व आवासीय भवन टूटेंगे,

इसी के साथ नागाबाड़ी में 104, जाच्छ में 66, भडवार में 49, बंड क्रंडियां में 27 और बोड़ में 11 परिसर तोड़े जाएंगे, प्राप्त जानकारी के अनुसार बताया जा रहा ही की सर्वाधिक प्रति मीटर जमीन का रेट जसूर में 8,000 रुपये है।

कंडवाल, पक्का टियाला, नागाबाड़ी, राजा का बाग के लिए रेट 7,000 तय हुआ

इसी के साथ कंडवाल, पक्का टियाला, नागाबाड़ी, राजा का बाग के लिए रेट 7,000 तय हुआ है, इसी के साथ 5000 रुपये छतरोली, खुशीनगर व बासा मुहाल को मिल रहे हैं, इसी के साथ चार हजार रुपये प्रति मीटर श्रेणी में

नागिनी, गहि लगोड़, द्रग, भडवार, खज्जियां, कोहड़ी व नागा दा पैल, जोंटा के बंड क्रंड़ियां, मनकोट, सुंजाता, मऊ, टटल इत्यादि शामिल हैं।

मार्ग पर भवनों की पैमाइश का कार्य कंडवाल से शुरू कर दिया

इसी के साथ इस मार्ग पर भवनों की पैमाइश का कार्य कंडवाल से शुरू कर दिया है, इसी के साथ प्रदेश के कई सरकारी भूमि में लगे पेड़ों की गिनती व मूल्यांकन का

काम वन विभाग के साथ हॉर्टिकल्चर विभाग व एलएओ नूरपुर करेंगे। जल्द ही इस पर कार्य भी शुरू कर दिया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *